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रविवार, 24 मई 2020

छत को कैसे बनाएं एक सुन्दर बगीचा


छत पर बनी मेरी वाटिका 


#बागवानीमंत्र

आज बागवानी से सम्बंधित कुछ बेहद साधारण मगर महत्पूर्ण बातें करेंगे |

पहली बात यदि आप बागवानी शुरू करने की शुरुआत करने की सोच रहे हैं या मन बना रहे हैं तो अभी जून तक का समय बिलकुल प्रतिकूल होने के कारण अवश्य ही रुक जाएं | बेशक इस साल बार बार बदलता मौसम और बारिश के कारण कभी कभी थोड़ी बहुत नमी बन जाती है किन्तु अगले दिन निकलने वाली तेज़ धूप आपके नन्हें पौधों के लिए घातक बन जाएगी |

बागवानी शुरू करने से पहले अपने आप से ये जरुर पूछें कि आप बागवानी करना क्यूँ चाहते हैं , शौक के लिए , आपको फूल पसंद हैं , किसी को देख कर ,प्रेरित होकर आपको लगता है की आपको भी बागवानी करनी चाहिए | ऐसा मैं इसलिए कह रहा हूँ की यदि इन सारे प्रश्नों में से किसी का भी जवाब आपका दिल ये कह कर देता है की आपको सच में ही फूलों पौधों पत्तियों से स्नेह मुहब्बत है तो ही आप बागवानी शुरू करिए |

माली की सहायता लीजीए , शुरू में आप लगे लगाए पौधे भी ले सकते हैं , बीच बीच में खाद पानी निराई गुडाई के टिप्स भी बेशक और बेझिझक ले सकते हैं मगर भूल कर भी सिर्फ और सिर्फ मालियों के भरोसे ही बागवानी करने कराने की गलती न करें | नहीं इससे आपको बागवानी तो भरपूर होगी आपके आसपास फूल पौधे भी रहेंगे मगर वो फिर आपका एक बेहद महँगा और खर्चीला शौक भर बन कर रह जाएगा |

बागवानी शुरू करने से पहले सोचिए कि आपके पास जो भी जितनी भी जगह उपलब्ध है उसमें आप कैसी बागवानी कर सकते हैं आउटडोर इनडोर , फूलों की ,फलों की ,सब्जियों की आदि आदि | ये सब तय करने के बाद आप एकाग्र होकर उसी की बागवानी करें जो आपके मन स्थान के अनुकूल हो |

सब पौधों को बीजों से उगाने लगाने का हुनर ,  नीम्बू , आम ,संतरे ,अनार ,चीकू  आदि जैसे पौधों और कलम से ही लगाने वाले पौधों को लगाने की कला में पारंगत न होने के कारण ये पौधे मालियों से ही खरीद लें और फिर उन्हें ही देख रेख करके बड़ा करें |

मालियों से पौधे लेते समय ध्यान रहे की आपको कच्चे पौधे लेने हैं और उन पौधों को लेते और लगाते हुए उनकी जड़ें बिलकुल न हिल पायें अन्यथा पौधे कुछ ही दिनों में दम तोड़ देंगे |

पौधों को लगाने के लिए सबसे उपयुक्त समय जुलाई अगस्त का होता है बारिश के इन महीनों में लगाए पौधे बड़ी ही सुलभता से लग और बच जाते हैं |

एक आखरी बात मैं अपने यू ट्यूब चैनल पर "बागवानी करें शहरी किसान के साथ " नाम की एक श्रंखला शुरू करने जा रहा हूँ जो आपकी वीडीयो  के माध्यम से  बताएगी की आपको बिना ज़मीन के बागवानी कैसी करनी है ,कैसे कर सकते हैं और किस किस चीज़ की बागवानी कर सकते हैं |



आइये एक दूसरे के अनुभव से एक दूसरे से सीखें और सिखाएं , आइये प्रकृति को अपनाएं | 

25 टिप्‍पणियां:

  1. बहुत अच्छी जानकारी है अजय जी

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  2. सबसे पहले लगाव, फॉर जगह का उपयोग फिर पसंदीदा पेड़ ...
    सभी कुछ मिले तब तो जुड़े संसार ...

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  3. वाह बहुत जरूरी जानकारी दी आपने

    जवाब देंहटाएं
  4. श्रंखला का इंतजार है क्योंकि मालियों से नहीं अब खुद सब कुछ करेंगे । शौक अपना तो सब सीखो ।

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  5. माली से पौधों की साज-संभार करवाना वैसा ही है जैसा अपने लिए ''पर्सनल फिजिकल ट्रेनर'' रखना !
    शहरी किसान का स्वागत है !

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  6. लाभकारी ,उपयोगी जानकारी ,हरी भरी धरती और स्वच्छ आसमान ,जीवन के लिए है वरदान ,आपका इनमे सहयोग सराहनीय है ,प्रकृति से लेने वाले लोग अधिक होते ,प्रकृति को देने वाले उनका ध्यान रखने वाले लोग कम होते है ।हार्दिक आभार

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  7. सादर नमस्कार,
    आपकी इस प्रविष्टि् के लिंक की चर्चा शुक्रवार (29-05-2020) को
    "घिर रहा तम आज दीपक रागिनी जगा लूं" (चर्चा अंक-3716)
    पर भी होगी। आप भी
    सादर आमंत्रित है ।

    "मीना भारद्वाज"

    जवाब देंहटाएं
  8. बहुत अच्छी प्रेरक प्रस्तुति

    जवाब देंहटाएं
  9. इस टिप्पणी को ब्लॉग के किसी एडमिन ने हटा दिया है.

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  10. बहुत बढ़िया पोस्ट लिखा है आपने | ऐसा लगता है की हम भी जुड़ गए हैं इन निबंधों में लिखे शब्दों
    से | आगे भी लिखते रहे | Todaynewsmint

    जवाब देंहटाएं

पढ़ लिए न..अब टीपीए....मुदा एगो बात का ध्यान रखियेगा..किसी के प्रति गुस्सा मत निकालिएगा..अरे हमरे लिए नहीं..हमपे हैं .....तो निकालिए न...और दूसरों के लिए.....मगर जानते हैं ..जो काम मीठे बोल और भाषा करते हैं ...कोई और भाषा नहीं कर पाती..आजमा के देखिये..

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